Text selection Lock by Hindi Blog Tips

Flag counter

free counters

Tuesday, August 14, 2007

98.88 परसेंट पर फेल

98.88 परसेंट पर फेल



कभी सोचता हूं कि सही टाइम पर धरती पर आ गये, और बहुत पहले ही स्कूल की शिक्षा से पार
हो गये, इज्जत बच गयी। तीस-बत्तीस साल पहले स्कूली इम्तहानों में सत्तर परसेंट आते थे, तो पूरे
मुहल्ले में कालर ऊपर करके चलते थे।

अभी मेरी बेटी के 98.88 परसेंट आये हैं, पांचवी क्लास के मंथली टेस्ट में। घर में ऐसा माहौल है जैसे
फेल हो गयी है। उसकी मम्मी डांट रही है-फर्स्ट से लेकर टेन तक कोई पोजीशन नहीं आयी। शेम शेम


98.88 परसेंट पर शेम। हाय री स्कूली शिक्षा निराला तेरा गेम।

बेटी परेशान नहीं है, उसकी मां परेशान है। सहेलियों को जवाब देना होता है जी, मिसेज राजवंशी
के चुन्नू की सेकंड पोजीशन है। और वह स्वाति की मां बतायेगी कि हमेशा की तरह स्वाति तो
फर्स्ट पोजीशन पर ही है जी। हाय रे हाय-98.88 परसेंट सिर्फ, तुझे शर्म नहीं आयी।

बेटी मुझसे पूछ रही है-पापा कितने आते थे आपके।

मारे शर्म के मैं सच नहीं बोलता।

मैं बहुत डर गया हूं। अभी पांचवी क्लास का सिलेबस देख रहा हूं।

मैथ की प्रोजेक्ट फाइल बनेगी। उसमें हरबेरियम की पत्तियां काट कर चिपकानी

क्या पूछा-हरबेरियम का मतलब क्या होता है। मुझे भी नहीं पता।

मुझे लगता है कि भविष्य में लड़के वाले जब लड़की वाले से रिश्ते की बात करने जायेंगे, तो पहली से
पांचवीं तक की सारी किताबें लेकर जायेंगे। और लड़का संभावित पत्नी से पूछेगा-हरबेरियम का मैथ
प्रोजेक्ट करवा पाओगी बच्चों को कि नहीं।

क्या अंडों के छिलकों से खरगोश बनाना नहीं आता, अरे तीसरी क्लास का क्राफ्टवर्क है यह।

क्या माचिस से कुत्ता बनाना नहीं आता, चौथी क्लास का क्राफ्टवर्क है यह तो।

मम्मी नहीं, इस लड़के से शादी करके बहुत परेशानी होगी, इसे तो ग्लेज्ड पेपर पर भुट्टे के दाने से
बिल्ली बनाना नहीं आता, इतना तो आना ही चाहिए ना, बच्चे के पांचवी क्लास के सिलेबस में
होगा ना।

खैरजी बिटिया को मैथ के प्रोजेक्ट में वैरी गुड मिला है। बिटिया को नहीं, उसकी मां और पापा
को मिला है। पूरी रात जागकर बनाया था।

हम पति -पत्नी एक दूसरे को बधाई दे रहे हैं।

मेरा स्कूल वालों से अनुरोध है कि होमवर्क के लिए एक वर्कशाप मम्मी-पापा के लिए लगा लें। बहुत
शर्म आती है, जब बच्ची पूछती है कि आपको राजस्थानी स्टाइल की पगड़ी बनानी आती है कि
नहीं,हाथी को पहना कर ले जानी है। पापा पहले मम्मी को किसी राजस्थानी मित्र के ले जाते
हैं, मम्मी खुद राजस्थानी पगड़ी बांधना सीखती हैं। हाथी को पहनानी है।

मम्मी कल ग्लेज्ड पेपर पर अरहर की दाल से अफ्रीका का ब्राउन चीता बनाकर ले जाना है।
क्राफ्ट क्लास का एसाइनमेंट है-बिटिया ने स्कूल से आकर घोषित कर दिया है।

बिटिया सो चुकी है। रात के एक बजे मैं तलाश पाया हूं कि अफ्रीका का ब्राउन चीता कैसा होता
है। पत्नी अरहर की दाल बीन चुकी है।

अब चलूं, ग्लेज्ड पेपर पर काम शुरु करना है।

No comments: